एक महीने पहले वक्री होने की वजह से अपनी अवस्थित राशि से पिछली राशि में प्रवेश कर गए बुध मार्गी होने के पश्चात पुनः स्वराशि मिथुन में बुधवार 07 जुलाई 2021 को सुबह 11 बजकर 13 मिनट पर प्रवेश (Budh Rashi Parivartan 2021) करेंगे जहाँ ये 25 जुलाई 2021 की सुबह तक गोचरस्थ रहेंगे और 16 जुलाई 2021 तक सूर्य के साथ युत रहेंगे। आइये आगे जानें बुध के स्वराशि मिथुन में गोचर का आप सभी की राशियों पर कैसा होगा असर।
मेष राशि
मेष राशि के जातकों के तृतीय भाव में बुध गोचर करेंगे। इस गोचर से धन की हानि, शत्रु भय और कुटुंब में विवाद जैसे फल प्राप्त हो सकते हैं लेकिन किसी पुराने मित्र से भेंट या मित्र की प्राप्ति भी संभव है।
वृष राशि
वृष राशि के जातकों के द्वितीय भाव में बुध गोचर करेंगे। धन भाव में बुध का गोचर बहुत अच्छे परिणाम देता है। सुख, आनंद, धनलाभ और सज्जनों की संगति जैसे फल मिल सकते हैं।
मिथुन राशि
मिथुन राशि के जातकों के राशि भाव में बुध गोचर करेंगे। इस गोचर से धन की हानि, परिवार में विरोध, झगड़ा जैसे फल प्राप्त हो सकते हैं। आपको सलाह दी जाती है की चुगली करने से बचें और अपनी दिनचर्या का अच्छे से पालन करें।
कर्क राशि
कर्क राशि के जातकों के द्वादश भाव में बुध गोचर करेंगे। व्यय भाव में बुध के गोचर से धनहानि, सुखहानि, पराजय, मानसिक क्लेश और भोजन में अरुचि जैसे फल मिल सकते हैं। आपको झगड़े से बचकर रहने की सलाह दी जाती है।
सिंह राशि
सिंह राशि के जातकों के एकादश भाव में बुध गोचर करेंगे। लाभ भाव में बुध के गोचर से धन की वृद्धि, व्यवसाय में लाभ, स्वास्थ्य लाभ, सुख, यश, मान और कुटुंब में सद्भाव जैसे फल प्राप्त हो सकते हैं।
कन्या राशि
कन्या राशि के जातकों के दशम भाव में बुध गोचर करेंगे। कर्म भाव में बुध के गोचर से सब प्रकार के सुख, वाक् चातुर्य से इच्छित कार्य में सफलता, पद प्राप्ति, शत्रु पर विजय जैसे फल प्राप्त हो सकते हैं। आपको सलाह दी जाती है की अपने मन और वाणी पर संयम रखें।
तुला राशि
तुला राशि के जातकों के नवम भाव में बुध गोचर करेंगे। भाग्य भाव में बुध के गोचर से कार्यों में विघ्न, पित्त दोष, शोक आदि फल मिल सकते हैं। अपने खान-पान पर सतर्कता बरतने और परपीड़ा से बचने की सलाह आपको दी जाती है।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि के जातकों के अष्टम भाव में बुध गोचर करेंगे। अष्टम भाव में बुध के गोचर से धन लाभ, पुत्र से सुख एवं बुद्धि और चातुर्य से सफलता जैसे फल प्राप्त हो सकते हैं। आपको अपने मन को शांत रखने और झूठ नहीं बोलने की सलाह दी जाती है।
धनु राशि
धनु राशि के जातकों के सप्तम भाव में बुध गोचर करेंगे। कलत्र भाव में बुध का गोचर अच्छा नहीं माना जाता। विरोध, विवाद, सुख की हानि, पैसों की कमी, भय, पीड़ा और निर्बलता जैसे फल मिल सकते हैं। आपको परिवार में सामंजस्य बनाये रखने की सलाह दी जाती है।
मकर राशि
मकर राशि के जातकों के षष्ठ भाव में बुध गोचर करेंगे। रिपु भाव में बुध के गोचर से अनुकूल फल प्राप्त होते हैं। शत्रुओं पर विजय, अन्न, धन और उत्तम वस्त्रादि की प्राप्ति हो सकती है। इस दौरान लंबे समय से इच्छित कोई पुस्तक पढ़ सकते हैं।
कुंभ राशि
कुंभ राशि के जातकों के पंचम भाव में बुध गोचर करेंगे। पंचम भाव में बुध का गोचर कष्टप्रद हो सकता है, अचानक झगड़ा, स्त्री एवं पुत्रों से विवाद या वियोग दे सकता है।
मीन राशि
मीन राशि के जातकों के चतुर्थ भाव में बुध गोचर करेंगे। सुख भाव में बुध के गोचर से धन की प्राप्ति और माता एवं परिवार का सुख प्राप्त हो सकता है।


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